Thursday , April 2 2026

US-Iran War: ‘ईरान का परमाणु सपना हमेशा के लिए खत्म’, ट्रंप का बड़ा ऐलान- जल्द वापस लौटेगी सेना; NATO को भी दी भयंकर धमकी

वाशिंगटन: अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे महायुद्ध को लेकर व्हाइट हाउस से एक बहुत बड़ी खबर सामने आई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने साफ कर दिया है कि अमेरिका इस जंग में लंबे समय तक नहीं उलझने वाला है और अमेरिकी सेना बहुत जल्द ईरान से वापसी करेगी। न्यूज़ एजेंसी रॉयटर्स से बातचीत में ट्रंप ने अपने ‘एग्जिट प्लान’ का खुलासा करते हुए कहा कि अमेरिका का मुख्य लक्ष्य पूरा हो चुका है, लेकिन अगर जरूरत पड़ी तो भविष्य में ईरान पर ‘छोटे-छोटे हमले’ (Spot Hits) किए जाते रहेंगे।’ईरान अब कभी नहीं बना पाएगा परमाणु बम’ट्रंप ने स्पष्ट किया कि इस भीषण सैन्य कार्रवाई के बाद अमेरिका ने अपनी सबसे बड़ी जीत हासिल कर ली है। उन्होंने दावा किया कि ईरान अब कभी भी परमाणु हथियार हासिल करने के काबिल नहीं बचा है। जब ट्रंप से युद्ध के खत्म होने की सटीक तारीख पूछी गई, तो उन्होंने कहा, “मैं अभी पक्के तौर पर समय तो नहीं बता सकता, लेकिन हम बहुत जल्द वहां से बाहर निकल जाएंगे।” ट्रंप के मुताबिक, अमेरिका के शुरुआती और सबसे अहम लक्ष्य पूरे हो चुके हैं, इसलिए अब सेना को वहां रोके रखने का कोई मतलब नहीं है।सीमित सैन्य ऑपरेशन और ‘स्पॉट हिट्स’ की रणनीतिराष्ट्रपति ट्रंप के बयानों से यह साफ झलकता है कि अमेरिका इस युद्ध को एक ‘सीमित सैन्य अभियान’ के तौर पर देख रहा है, न कि किसी अंतहीन जंग के रूप में। उन्होंने कहा, “हम अपनी पूरी सेना और लोगों को वहां से वापस बुला लेंगे, लेकिन अगर ईरान ने दोबारा सिर उठाने की कोशिश की, तो हम वापस आकर उन पर छोटे और सटीक हमले (Spot Hits) करेंगे।” इसका सीधा मतलब है कि अमेरिका वहां स्थायी तौर पर लाखों की फौज तैनात करने के बजाय, जरूरत के हिसाब से एयरस्ट्राइक या सर्जिकल स्ट्राइक जैसे विकल्प खुले रख रहा है।NATO पर भड़के ट्रंप, दी अमेरिका को बाहर निकालने की धमकीईरान युद्ध के बीच ट्रंप ने अपने पश्चिमी सहयोगियों पर भी जमकर भड़ास निकाली। उन्होंने सैन्य गठबंधन ‘नाटो’ (NATO) की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि ईरान के मुद्दे पर नाटो देशों ने अमेरिका का बिल्कुल साथ नहीं दिया। ट्रंप की नाराजगी इस कदर थी कि उन्होंने अमेरिका को नाटो से पूरी तरह बाहर निकालने पर ‘गंभीरता से विचार’ करने की बात कह डाली। ट्रंप की इस भयंकर धमकी ने यूरोप के देशों की नींद उड़ा दी है, क्योंकि नाटो ही यूरोपीय सुरक्षा की सबसे बड़ी रीढ़ माना जाता है।आगे क्या है व्हाइट हाउस का मास्टरप्लान?पूरी दुनिया की निगाहें अब डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्र के नाम होने वाले अगले संबोधन पर टिकी हैं। माना जा रहा है कि इस संबोधन में ट्रंप ईरान को लेकर अपनी भविष्य की सैन्य रणनीति और सेना की वापसी (Exit Plan) की पूरी विस्तृत रूपरेखा दुनिया के सामने रखेंगे। फिलहाल व्हाइट हाउस का स्पष्ट संदेश यही है कि यह मिशन छोटा, तेज और घातक था। अमेरिका किसी लंबे युद्ध के दलदल में नहीं फंसेगा, लेकिन ईरान पर अपनी पैनी नजर जरूर बनाए रखेगा।