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Amazon में आज से सबसे बड़ी छंटनी, 30,000 कर्मचारियों की नौकरी पर लटकी तलवार

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नई दिल्ली: दुनिया की सबसे बड़ी ई-कॉमर्स कंपनी एमेजॉन (Amazon) में आज यानी मंगलवार, 28 अक्टूबर से चिंता की एक बड़ी लहर दौड़ने वाली है। ख़बर है कि कंपनी अपने लगभग 30,000 कॉर्पोरेट कर्मचारियों को नौकरी से निकालने जा रही है। यह एमेजॉन के इतिहास की अब तक की सबसे बड़ी छंटनी में से एक होगी, जिसने हज़ारों कर्मचारियों और उनके परिवारों को सकते में डाल दिया है।

यह फ़ैसला उन हज़ारों कर्मचारियों के लिए एक झटके की तरह है जो त्योहारों के बाद काम पर लौटे हैं। कंपनी ने यह क़दम अपने बढ़ते ख़र्चों पर लगाम लगाने और कोरोना महामारी के दौरान की गई ज़रूरत से ज़्यादा भर्तियों को ठीक करने के लिए उठाया है।

क्यों लिया गया यह बड़ा फैसला?

एमेजॉन का कहना है कि पिछले कुछ सालों में, ख़ासतौर पर कोरोना के समय में, कंपनी ने बहुत तेज़ी से भर्तियाँ की थीं। लेकिन अब जब हालात बदल गए हैं और बाज़ार में मांग कम हो गई है, तो कंपनी अपने स्टाफ़ को कम करके अपने कामकाज को संतुलित करना चाहती है।

हालांकि यह कोई पहली बार नहीं है। एमेजॉन पिछले दो सालों से धीरे-धीरे अलग-अलग विभागों में कर्मचारियों की संख्या कम कर रहा है। लेकिन इस बार का आँकड़ा अब तक का सबसे बड़ा है।

30,000 नौकरियाँ, अब तक का सबसे बड़ा झटका

2022 के अंत में भी एमेजॉन ने लगभग 27,000 कर्मचारियों को नौकरी से निकाला था, लेकिन इस बार 30,000 लोगों को निकालना कंपनी के कॉर्पोरेट स्टाफ़ पर एक बहुत बड़ा असर डालेगा। यह कंपनी के कुल 3.5 लाख कॉर्पोरेट कर्मचारियों का लगभग 10% हिस्सा है।

कौन-कौन से लोग होंगे प्रभावित?

यह छंटनी एमेजॉन के कई विभागों पर असर डालेगी, जिनमें शामिल हैं:

  • ह्यूमन रिसोर्स (HR), जिसे कंपनी में ‘पीपल एक्सपीरियंस एंड टेक्नोलॉजी’ कहा जाता है।
  • डिवाइस और सर्विसेज़ विभाग।
  • ऑपरेशंस डिवीज़न

रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी ने इस छंटनी की पूरी तैयारी कर ली है। प्रभावित टीमों के मैनेजरों को सोमवार को ही इस बारे में ट्रेनिंग दे दी गई थी कि उन्हें मंगलवार सुबह ईमेल भेजने के बाद अपने कर्मचारियों से कैसे बात करनी है।

क्या AI छीन रहा है नौकरियाँ?

इस बड़ी छंटनी के पीछे एक और बड़ा कारण आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस (AI) को भी माना जा रहा है। एमेजॉन के सीईओ एंडी जेसी ने पहले ही संकेत दिए थे कि कंपनी में मैनेजरों की संख्या कम की जाएगी और AI के बढ़ते इस्तेमाल के कारण भविष्य में और नौकरियाँ कम हो सकती हैं।

एक मार्केट एक्सपर्ट का कहना है, “एमेजॉन का यह क़दम दिखाता है कि कंपनी अब अपनी टीमों में AI की मदद से काम को ज़्यादा बेहतर और तेज़ी से करने में सफ़ल हो रही है। यही वजह है कि अब उसे कम कर्मचारियों की ज़रूरत पड़ रही है।”

कंपनी पर यह भी दबाव है कि उसने AI में जो अरबों डॉलर का निवेश किया है, उसकी भरपाई जल्द से जल्द की जाए, और ख़र्चों में कटौती इसी का एक हिस्सा है।

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