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केरल निकाय चुनाव 2025 पहले चरण की वोटिंग से मचा सियासी हड़कंप, जानें हर अपडेट

News India Live, Digital Desk : आज दक्षिण भारत की राजनीति में बड़ा दिन है। केरल में स्थानीय निकाय चुनाव (Local Body Elections) के पहले चरण के लिए वोटिंग शुरू हो चुकी है। सुबह से ही पोलिंग बूथों पर जो कतारें दिख रही हैं, उससे साफ़ है कि लोग अपनी ‘लोकल सरकार’ चुनने के लिए कितने उत्साहित हैं। यह चुनाव सिर्फ वार्ड मैंबर या पार्षद चुनने का नहीं है, बल्कि इसे राज्य में आने वाले विधानसभा चुनावों का ‘लिटमस टेस्ट’ माना जा रहा है।आइये आसान भाषा में समझते हैं कि आज के दिन वहां क्या चल रहा है और इसका क्या मतलब है।आधी केरल आज कर रही है वोटिंगआज यानी 9 दिसंबर (मंगलवार) को पहले चरण में राज्य के 7 प्रमुख जिलों में वोट डाले जा रहे हैं। ये जिले हैं—तिरुवनंतपुरम (जहाँ राज्य की राजधानी है), कोल्लम, पठनमथिट्टा, अलप्पुझा, कोट्टायम, इडुक्की और एर्नाकुलम। मतलब, राज्य का एक बड़ा हिस्सा आज ही अपना फैसला सुना देगा।दिलचस्प बात यह है कि इस चुनाव में भीड़ बहुत भारी है। लगभग 1.33 करोड़ मतदाता आज वोट डालने वाले हैं। और मुकाबला किनके बीच है? मैदान में 36,630 उम्मीदवार अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। सोचिये, एक-एक सीट के लिए कितनी जबरदस्त टक्कर चल रही होगी!दिग्गजों की साख दांव परसुबह-सुबह ही पोलिंग बूथों पर हलचल बढ़ गई जब बड़े नेता वोट डालने पहुंचे। केंद्रीय मंत्री और बीजेपी के प्रमुख चेहरा सुरेश गोपी भी अपने परिवार के साथ तिरुवनंतपुरम के बूथ पर नज़र आए। उन्होंने वोट डालने के बाद कहा कि लोग बदलाव चाहते हैं।केरल में मुख्य मुकाबला तीन खेमों के बीच है: सत्ताधारी LDF (वामपंथी गठबंधन), विपक्ष में बैठी UDF (कांग्रेस गठबंधन) और NDA (बीजेपी गठबंधन)। एलडीएफ अपनी सत्ता बचाने की कोशिश कर रही है, वहीं यूडीएफ और बीजेपी इसे छीनने के लिए पूरा जोर लगा रहे हैं।दुखद खबर: यहाँ नहीं पड़ रहे वोटजहाँ एक तरफ वोटिंग का जश्न है, वहीं दो जगहों पर मायूसी भी है। तिरुवनंतपुरम और एर्नाकुलम के एक-एक वार्ड में चुनाव टाल दिया गया है। वजह यह रही कि वहां उम्मीदवारों का अचानक निधन हो गया। अब वहां बाद में अलग से चुनाव कराये जाएंगे।आगे क्या होगा?आज वोटिंग शाम 6 बजे खत्म हो जाएगी। लेकिन चुनाव अभी खत्म नहीं हुआ है।फेज 2: बचे हुए 7 जिलों (उत्तरी केरल) में 11 दिसंबर को वोट डाले जाएंगे।परिणाम (Result): इन सबकी गिनती 13 दिसंबर को होगी और तब पता चलेगा कि केरल की जनता ने किसके पक्ष में फैसला सुनाया है।अगर आप केरल से हैं, तो अपना फर्ज निभाएं और वोट जरूर करें। और अगर आप चुनावी खबरों में दिलचस्पी रखते हैं, तो 13 तारीख का इंतज़ार कीजिये, नतीजे चौंकाने वाले हो सकते हैं!