News India Live, Digital Desk: टी-20 वर्ल्ड कप 2026 में फिक्सिंग के काले साये ने क्रिकेट प्रेमियों को चौंका दिया है। ICC की एंटी-करप्शन यूनिट ने कनाडा और न्यूजीलैंड के बीच चेन्नई में खेले गए एक ग्रुप स्टेज मैच को ‘स्कैनर’ पर ले लिया है। आरोपों के केंद्र में कनाडा के कप्तान दिलप्रीत बाजवा का एक ओवर और टीम चयन में बोर्ड का कथित हस्तक्षेप है।क्या है पूरा मामला?CBC की डॉक्यूमेंट्री में दावा किया गया है कि न्यूजीलैंड के खिलाफ मैच के दौरान कुछ ऐसी घटनाएं हुईं जो खेल की शुचिता पर सवाल खड़ा करती हैं:संदेहास्पद ओवर: जब न्यूजीलैंड 35/2 के स्कोर पर संघर्ष कर रही थी, तब कप्तान दिलप्रीत बाजवा ने खुद गेंदबाजी की कमान संभाली। उन्होंने अपने ओवर की शुरुआत एक नो-बॉल और फिर लेग साइड पर वाइड के साथ की, और अंततः उस ओवर में 15 रन लुटा दिए। इसी ओवर को अब ICC जांच के दायरे में रखा गया है।ऑडियो क्लिप का खुलासा: एक 58 मिनट की ऑडियो रिकॉर्डिंग भी सामने आई है, जिसमें कथित तौर पर बोर्ड सदस्यों को सट्टेबाजों द्वारा टीम चयन के निर्देश देते सुना जा सकता है।कोच का दबाव: पूर्व कोच खुर्रम चौहान ने भी आरोप लगाया था कि बोर्ड के वरिष्ठ सदस्यों ने उन पर कुछ खास खिलाड़ियों को टीम में शामिल करने का दबाव बनाया था।ICC की प्रतिक्रियाICC के इंटीग्रिटी यूनिट के अंतरिम जनरल मैनेजर, एंड्रयू एफग्रेव ने पुष्टि की है कि ACU इस डॉक्यूमेंट्री में लगाए गए आरोपों से वाकिफ है और इसकी गहनता से जांच की जा रही है। उन्होंने कहा, “जहां भी खेल की गरिमा खतरे में दिखेगी, हम अपनी मानक प्रक्रियाओं के तहत जांच करेंगे।”क्रिकेट कनाडा का प्रशासनिक संकटयह पहली बार नहीं है जब क्रिकेट कनाडा विवादों में है। पिछले साल पूर्व CEO सलमान खान की नियुक्ति और फिर उन्हें हटाए जाने (चोरी और धोखाधड़ी के आरोपों के बाद) ने पहले ही बोर्ड की छवि खराब की थी। इसके अलावा, खिलाड़ियों को 2024 वर्ल्ड कप की इनामी राशि मिलने में भी भारी देरी हुई थी।आगे क्या होगा?यदि जांच में फिक्सिंग के पुख्ता सबूत मिलते हैं, तो न केवल संबंधित खिलाड़ियों पर आजीवन प्रतिबंध लग सकता है, बल्कि आईसीसी क्रिकेट कनाडा की मान्यता पर भी सख्त फैसला ले सकती है।
UK News