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ईरान में और भी ताकतवर हुआ IRGC सत्ता पर पकड़, संकट प्रबंधन और शांति की उम्मीदों के बीच क्या है असली गेम प्लान?

News India Live, Digital Desk: पश्चिम एशिया (Middle East) में बदलते समीकरणों के बीच ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) एक बार फिर वैश्विक चर्चा के केंद्र में है। हालिया विश्लेषणों के अनुसार, ईरान की आंतरिक राजनीति और सैन्य शक्ति दोनों पर IRGC का वर्चस्व अभूतपूर्व स्तर पर पहुँच गया है। इसे केवल एक सैन्य इकाई कहना गलत होगा; अब यह ईरान की अर्थव्यवस्था, कूटनीति और ‘स्टेट पावर’ का सबसे बड़ा स्तंभ बन चुका है। लेकिन सवाल यह है कि IRGC का यह बढ़ता कद वैश्विक शांति के लिए खतरा है या स्थिरता का कोई नया रास्ता?1. सत्ता का केंद्रीकरण: अब ‘सुपर पावर’ है IRGCईरान के भीतर IRGC ने अपनी शक्ति को इस कदर समेकित (Consolidate) किया है कि देश के महत्वपूर्ण निर्णय अब इसी संगठन के इर्द-गिर्द घूमते हैं:आर्थिक साम्राज्य: ईरान के बुनियादी ढांचे, ऊर्जा क्षेत्र और निर्माण उद्योगों के बड़े हिस्से पर IRGC का नियंत्रण है। यह संगठन एक समानांतर अर्थव्यवस्था चलाता है जो पश्चिमी प्रतिबंधों के बावजूद देश को खड़ा रखने में मदद करती है।राजनीतिक दखल: ईरान की संसद और प्रशासनिक पदों पर IRGC के पूर्व अधिकारियों की मौजूदगी ने इसे ‘अदृश्य सरकार’ बना दिया है।2. संकट प्रबंधन (Crisis Management) में भूमिकाईरान जब भी आंतरिक विद्रोह या बाहरी खतरों का सामना करता है, IRGC ‘संकटमोचक’ की भूमिका में होता है:घरेलू स्थिरता: हिजाब विरोध प्रदर्शनों और आंतरिक असंतोष को दबाने में IRGC ने अपनी कठोर शक्ति का प्रदर्शन किया है।प्रॉक्सी वारफेयर: लेबनान में हिजबुल्लाह, यमन में हूतियों और गाजा में हमास जैसे समूहों के साथ इसके गहरे संबंध इसे मध्य पूर्व के संकट प्रबंधन (या विस्तार) का मुख्य खिलाड़ी बनाते हैं।3. शांति की संभावनाएं और वैश्विक चिंताएंIRGC के बढ़ते दबदबे ने विश्व शक्तियों, विशेषकर अमेरिका और इजरायल के लिए शांति की राह को और कठिन बना दिया है:परमाणु कार्यक्रम: IRGC ईरान के परमाणु और मिसाइल कार्यक्रम की सुरक्षा का प्रमुख संरक्षक है। संगठन का कट्टरपंथी रुख परमाणु समझौते (JCPOA) की बहाली में बड़ी बाधा माना जाता है।शांति की उम्मीद: कुछ विश्लेषकों का मानना है कि यदि IRGC भविष्य में कूटनीतिक रूप से अधिक व्यावहारिक रुख अपनाता है, तो ईरान में एक स्थिर नेतृत्व मिल सकता है। हालांकि, वर्तमान आक्रामकता को देखते हुए इसकी संभावना कम ही लगती है।