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CM शुभेंदु अधिकारी के PA चंद्रनाथ हत्याकांड में CBI का बहुत बड़ा एक्शन! यूपी के बलिया से दबोचा गया शूटर गोलू सिंह

देश की सियासत और कूटनीतिक हलकों में हलचल मचाने वाले मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के निजी सहायक (PA) चंद्रनाथ हत्याकांड में एक बेहद चौंकाने वाला और बड़ा मोड़ सामने आया है। इस हाई-प्रोफाइल मर्डर मिस्ट्री की तफ्तीश में जुटी केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) की टीम को एक बहुत बड़ी और अहम कामयाबी हाथ लगी है। चंद्रनाथ की बेरहमी से की गई हत्या के मामले में जांच के तार अब उत्तर प्रदेश से जुड़ गए हैं। सीबीआई की स्पेशल विंग ने ताबड़तोड़ छापेमारी करते हुए इस पूरे हत्याकांड की साजिश और वारदात में शामिल एक और मुख्य आरोपी को धर दबोचा है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद से ही इस मर्डर केस से जुड़े अन्य आरोपियों और इसके पीछे के मास्टरमाइंड की धड़कनें तेज हो गई हैं। यूपी के बलिया से दबोचा गया शातिर अपराधी गोलू सिंह, ऐसे जाल में फंसा आरोपी सीबीआई के पुख्ता सूत्रों से मिली इनसाइड जानकारी के मुताबिक, इस मामले में जांच एजेंसी ने उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में एक सीक्रेट इनपुट के आधार पर जाल बिछाया था। वहां छिपकर रह रहे शातिर अपराधी और कथित शूटर गोलू सिंह को केंद्रीय टीम ने स्थानीय पुलिस की मदद से चारों तरफ से घेरकर दबोच लिया। गोलू सिंह वारदात के बाद से ही लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा था और पुलिस की नजरों से बचकर भाग रहा था। इस मामले में यह अब तक की तीसरी सबसे बड़ी और महत्वपूर्ण गिरफ्तारी मानी जा रही है। जांच अधिकारियों का दावा है कि गोलू सिंह इस पूरे मर्डर कांट्रैक्ट और शूटरों को हथियार मुहैया कराने की कड़ी में एक बेहद अहम कड़ी है, जिसकी तलाश काफी दिनों से की जा रही थी। तीसरी गिरफ्तारी के बाद अब खुलेंगे कूटनीतिक और सियासी साजिशों के सारे गहरे राज मुख्यमंत्री के बेहद करीबी पीए चंद्रनाथ की हत्या के बाद से ही विपक्षी दलों और सत्ता पक्ष के बीच भारी कूटनीतिक घमासान मचा हुआ था। इस तीसरी बड़ी गिरफ्तारी के बाद अब इस बात की पूरी संभावना जताई जा रही है कि सीबीआई बहुत जल्द इस पूरे मर्डर मिस्ट्री का अंतिम खुलासा कर देगी। गोलू सिंह से पहले पकड़े गए दो आरोपियों से जो इनपुट मिले थे, उसी के आधार पर यह पूरी दबिश दी गई थी। अब सीबीआई गोलू सिंह को रिमांड पर लेकर दिल्ली या कोलकाता मुख्यालय में आमने-सामने बिठाकर पूछताछ करने की तैयारी में है। जांच टीम को उम्मीद है कि गोलू सिंह के मुंह खोलते ही यह साफ हो जाएगा कि आखिर किसके इशारे पर और किस कूटनीतिक रंजिश के चलते चंद्रनाथ को रास्ते से हटाने की यह खूनी साजिश रची गई थी। बीजेपी और विपक्ष के बीच तेज हुई जुबानी जंग, बड़े खुलासे पर टिकी सबकी नजरें इस सनसनीखेज हत्याकांड के तार जैसे ही मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के दफ्तर और फिर यूपी के शूटरों से जुड़े, राजनीतिक गलियारों में बयानबाजी का दौर और ज्यादा आक्रामक हो गया है। बीजेपी और सत्ताधारी दल के नेता जहां इस मामले में किसी बड़ी कूटनीतिक साजिश की आशंका जताते हुए निष्पक्ष और कड़ी जांच की मांग कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ केंद्रीय एजेंसियों की इस तत्परता ने अपराधियों के हौसले पस्त कर दिए हैं। बलिया से हुई इस गिरफ्तारी ने यह साफ कर दिया है कि सीबीआई इस केस को बहुत ही गंभीरता से ले रही है। अब पूरे देश और मीडिया की पैनी नजरें सीबीआई की अगली प्रेस कॉन्फ्रेंस और कोर्ट की कार्यवाही पर टिकी हैं, जहां इस हत्याकांड से जुड़ा सबसे बड़ा सच दुनिया के सामने आने वाला है।